झांसी के बबीना में हुए शाहिल हत्याकांड का खुलासा , रिश्ते हुये शर्मसार , चाची व उसका पति ही निकले हत्यारे
मेरी बेटी को करता था परेशान इसलिए कर दिया कत्ल
पुत्री को कर रहा था ब्लैकमेल , नशे का हो गया था आदी
बबीना में हुए शाहिल हत्याकाण्ड का खुलासा
दंपति समेत तीन गिरफ्तार, भेजा जेल
झांसी। बेटी को ब्लैक मेल व बार-बार धमकी देकर बेइज्जत करना एक मां को बर्दाश्त नहीं हो सका। इस कारण मां ने अपने ही देवर के बेटे का कत्ल कर दिया। इस मामले में पुलिस ने दंपति समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बीबीजीटीएस मूर्ति, एसपी सिटी प्रीति सिंह के निर्देशन में बबीना थाना प्रभारी तुलसीराम पांडेय मय स्टॉफ के साथ 27 अक्तूबर 2025 को हुई हत्या करने वाले आरोपियों की तलाश में लगे थे। सूचना मिली कि साहिल (12) की हत्या करने वाले आरोपी सुकमा ढुकमा रोड पर पुल के नीचे वाहन के इंतजार में खड़े हैं। इस सूचना पर गई पुलिस टीम ने घेराबंदी कर तीनों को दबोच लिया था। थाना लाकर उनसे पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक बबीना थाना क्षेत्र के ग्राम पुरा बडैरा निवासी अवतार यादव, उसकी पत्नी मंजू यादव व सत्येंद्र यादव को गिरफ्तार कर लिया। हत्याभियुक्तों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त लोहे की हसिया बरामद किया गया। गिरफ्तार किए गए तीनों अभियुक्तों को अदालत में पेश किया। वहां से उन्हें जेल भेजा गया।
साहिल का पिता भी नहीं उसे रोक पाया तो कर दिया कत्ल
पूछताछ के लिए दौरान महिला मंजू यादव ने बताया कि देवर रंजीत यादव का पुत्र साहिल की हरकत काफी खराब था। वह अपने पिता का मोबाइल फोन लेकर अश्लील फिल्में आदि देखा करता था। इसके बाद वह नशे का आदी हो गया था। उसकी बेटी का एक बार वीडियो बना लिया था। वीडियो बनाकर उसकी बेटी को ब्लैक मेल करता था। इसकी जानकारी उसने देवर को दी थी। देवर ने भी काफी समझाया था मगर साहिल आवार किस्म का हो गया था। वह अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा था। लगातार वह उसकी बेटी को परेशान कर रहा था। यह बात उसे बर्दाश्त नहीं थी। 27 अक्तूबर को साहिल खेत में जानवर चराने गया था। तभी उसने हसिया से हमला कर साहिल का कत्ल कर दिया था।
बेटे से परेशान होकर बाप ने बेचा था मकान
बताते हैं कि रंजीत भी अपनी बेटे साहिल से काफी परेशान रहता था। लगातार गांव में लड़कियों को परेशान करता रहता था। लड़कियों के साथ छेड़छाड़ भी करता था। बेटे की हरकत से परेशान होकर रंजीत ने दो साल बेटे मकान बेच दिया था।
प्रदेश समाचार / झांसी टीम
किसानों को मिल सके राहत , विधायक बबीना ने मुख्यमंत्री को भेजा पत्र
जनपद में तहसील स्तर पर अविलम्ब कमेटी गठित करने की मांग
झांसी। जनपद के बबीना विधानसभा क्षेत्र के विधायक राजीव सिंह पारीछा ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को जिलाधिकारी के माध्यम से पत्र भेजकर अवगत कराया है कि दिनांक 26 व 27 अक्टूबर 2025 को जनपद झाँसी सहित उनकी विधानसभा बबीना क्षेत्र में अतिवर्षा के कारण किसानों की धान की फसल पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त हो गई है चूंकि क्षेत्र के अधिकांश किसान कृषि कार्य पर ही निर्भर रहकर अपना व अपने परिवार का भरण पोषण करते है ऐसे में अतिवर्षा के कारण फसल नष्ट हो जाने से किसानों को अचानक भीषण स्थिति उत्पन्न हो गई है। उन्होंने कहा कि आपके कुशल नेतृत्व में प्रदेश के किसानों के हित में काफी कार्य अनवरत किये जा रहे है व इस विपदा के समय में मदद हेतु किसान प्रदेश सरकार से काफी आशान्वित है। इस सम्बन्ध में मेरा आपसे निवेदन है कि जनपद में तहसील स्तर पर अविलम्ब एक कमेटी गठित कर किसानों की क्षतिग्रस्त फसलों का सर्वे करवा कर शीघ्र ही उचित मुआवजा स्वीकृत किया जाए जिससे किसानों को राहत मिल सके। अतः आपसे जनहित में अनुरोध है कि उपरोक्त के सम्बन्ध में आवश्यक दिशा निर्देश जारी करें।
प्रदेश समाचार / झाँसी टीम
जिलाधिकारी ने समझा किसानों का दर्द , पहुंचे खेतों पर लिया नुक्सान हुयी फसलों का जायजा
सभी उपजिलाअधिकारियों को दिये फसलों के नुकसान का सटीक सर्वे शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश
बीमा कंपनी के अधिकारियों को दिये सख्त निर्देश , कृषि विभाग एवं लेखपालों की टीमों के साथ संयुक्त रूप से करें निरीक्षण
उरई। जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय व मुख्य विकास अधिकारी ने बे-मौसम बारिश से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण करते हुए स्वयं किसानों के खेतों में पहुंचकर धान,मटर और बाजरा की फसलों के नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने बारिश के बीच किसानों से बातचीत कर उनकी स्थिति जानी और सभी उपजिलाअधिकारियों को फसलों के नुकसान का सटीक सर्वे शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए।जिलाधिकारी ने उरई तहसील क्षेत्र में धान की फसलों का, माधौगढ़ तहसील में बाजार क्षेत्र का तथा कोच तहसील में मटर की फसलों का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि जहां धान की फसलें जमीन पर गिर गई हैं, वहां नुकसान अधिक पाया गया है, वहीं जिन खेतों में मटर की बुवाई के बाद अंकुरण नहीं हुआ है, वहां भी फसलों को नुकसान हुआ है। जिलाधिकारी के निर्देश पर सभी उप जिलाधिकारी, तहसीलदार, खंड विकास अधिकारी, राजस्व टीम एवं कृषि विभाग की टीमें तत्काल फील्ड पर उतर गई हैं और खेत-खेत जाकर फसलों की स्थिति का आकलन कर रही हैं। उन्होंने कहा कि किसानों को फसल बीमा योजना / कृषि निवेश अनुदान के तहत पात्रता की स्थिति में पूर्ण लाभ उपलब्ध कराया जाएगा। इस संबंध में बीमा कंपनी के अधिकारी को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे कृषि विभाग एवं लेखपालों की टीमों के साथ संयुक्त रूप से निरीक्षण कर नुकसान का सही आकलन सुनिश्चित करें, जिससे प्रभावित किसानों को शीघ्र राहत मिल सके।
प्रदेश समाचार / उरई टीम
उरई : आशीर्वाद होटल के बावर्ची की गोली लगने से हुई मौत, मचा हड़कंप
आशीर्वाद होटल में बाउंसर व बाबर्ची पी रहे थे शराब
पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष का है होटल, बेटे की लाइसेंसी बंदूक से लगी गोली
उरई। कोंच के चर्चित आशीर्वाद होटल के रूम में संदिग्ध परिस्थितियों में बावर्ची की गोली लगने से मौत हो गई। घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस मामले की जांच पड़ताल में जुट गई। घटना के समय रूम में होटल का बावर्ची व बाउंसर दोनों शराब पार्टी कर रहे थे। बताया गया कि बाउंसर ने शराब पीने के लिए बावर्ची को फोन कर बुलाया था। पुलिस ने होटल संचालक पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के बेटे व बाउंसर को हिरासत में ले लिया है। जिनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस प्रथम दृष्ट्या घटना को आत्महत्या मान रही है। एसपी ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और अधीनस्थों को दिशा-निर्देश दिए।
विवरण के मुताविक उरई रोड़ स्थित पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सुमन देवेंद्र निरंजन के होटल आशीर्वाद में बुधवार की आधी रात पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के पति व पुत्र का बाउंसर संदीप कुमार निवासी हिसार हरियाणा रहता था। बाउंसर संदीप ने होटल के बावर्ची महेश कुमार निवासी भांडेर मध्यप्रदेश को अपने रूम में बुलाया और दोनों साथ में शराब पीते रहे। तभी संदिग्ध परिस्थितियों में बावर्ची महेश (40) की बंदूक से चली गोली लगने से मौत हो गई। बंदूक लाइसेंसी बताई जा रही है। रूम से बाहर आए बाउंसर ने रिसेप्शन से होटल मालिक हिमांशु निरंजन व उसके पिता देवेंद्र सिंह निरंजन को सूचना दी। हिमांशु व उनके पिता होटल के बाहर पहुंचे और बाहर से जानकारी कर कोतवाली पुलिस को सूचना दी। सूचना पर सीओ परमेश्वर प्रसाद, कोतवाल अजीत सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और मौका मुआयना कर उच्चाधिकारियों को घटना से अवगत कराया। मौके पर पहुंची फील्ड यूनिट की टीम ने भी साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने रात में ही शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बताया गया कि पिछले पांच साल से बाउंसर संदीप पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के पति व पुत्र के साथ रहता था। लाइसेंसी बंदूक पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के पुत्र हिमांशु की है, जिसे बाउंसर संदीप अपने साथ रखे हुए था। कोतवाली पुलिस ने हिमांशु व बाउंसर संदीप को हिरासत में ले लिया है। जिनसे पुलिस पूछताछ कर जा रही है। सीओ परमेश्वर प्रसाद का कहना है कि प्रथम दृष्ट्या मामला आत्महत्या प्रतीत हो रहा है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पूरे मामले की गहराई से जांच पड़ताल की जा रही है। सभी विंदुओं पर पुलिस अपनी जांच कर रही है। बावर्ची के लेनदेन के कुछ सबूत भी मिले हैं, जिसके चलते वह होटल मालिक से पैसा भी मांग रहा था। छानबीन में जो भी निकल कर आएगा, उसके मुताबिक आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। जिले के पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार ने भी होटल आशीर्वाद पहुंचकर घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और अधीनस्थों को दिशा-निर्देश दिए। उनका कहना है कि सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। मृतक के परिजनों की तरफ से अभी कोई तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलने और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
परिजनों ने बाउंसर पर लगाया हत्या का आरोप
कोंच। मृतक बावर्ची महेश कुमार की गोली लगने से हुई मौत को लेकर उसके परिजनों ने हत्या किए जाने का आरोप बाउंसर संदीप पर लगाया है। मृतक के भतीजे भांडेर निवासी धीरेंद्र कुमार अहिरवार ने कहा है कि उसके चाचा अभी पांच छह दिन पहले ही अच्छे भले होटल में काम करने आए थे, वह अपने को खुद गोली नहीं मार सकते। धीरेंद्र ने आशंका जताई है कि बाउंसर ने ही उन्हें गोली मारकर हत्या कर दी है। उसने पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है।
बंदूक के लाइसेंस की निरस्तीकरण की होगी कार्रवाई
कोंच। बावर्ची की संदिग्ध हालात में हुई मौत के मामले में लाइसेंसी बंदूक के शस्त्र लाइसेंस के निरस्तीकरण की भी कार्रवाई पुलिस कर रही है। प्रभारी निरीक्षक अजीत सिंह का यह भी कहना है कि पुलिस इस मामले में हर विंदु पर छानबीन कर रही है, इस बात की भी जांच कर रही है कि हिमांशु की बंदूक संदीप के पास क्यों थी।
प्रदेश समाचार / उरई टीम
पत्नी नहीं आ रही थी , ससुरालवालों ने दुत्कारा तो फांसी लगाकर मौत को गले लगाया
पत्नी से रात चैटिंग बाद युवक ने उठाया आत्मघाती कदम
लगभग छह माह पहले हुई थी शादी, पत्नी के मायके से न आने से था दुखी
इकलौते बेटे की मौत से बिलखा परिवार, बोला, ससुराल वालों के भगाने से था दुखी
बरुआसागर। क्षेत्र में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। मोहल्ला आंबेडकर नगर में पत्नी के मायके से न आने से दुखी व रातभर चैटिंग के बाद 20 वर्षीय युवक ने गुरुवार सुबह फांसी लगाकर जान दे दी। बंद कमरे में रोशनदान से इकलौता बेटा फंदे पर झूलता मिला तो परिवार में कोहराम मच गया। उन्होंने आरोप लगाया कि बेटी मायके वालों के भगाने से दुखी था। वहीं पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
विवरण के मुताविक निवाड़ी (मप्र) के हीरापुरा व हाल बरुआसागर के मोहल्ला आंबेडकर नगर खांदी निवासी शिवशरण का 20 वर्षीय बेटा विकास अहिरवार गुजरात में एक फैक्ट्ररी में काम करता था। दीपावली पर घर आया था। उसकी करीब छह महीने पहले मऊरानीपुर के चुरारा गांव की रहने वाली भारती अहिरवार से शादी हुई थी। वह मायके गई थी। वह उसे लेने चुरारा गया तो लेकिन वह नहीं आई। जिससे विकास दुखी था। बुधवार की देर रात वह घर आया और खाना खाकर अंदर के कमरे में चला गया। शिवचरण के अनुसार काफी देर तक मोबाइल पर बहू से सोशल मीडिया पर बात करता रहा। सुबह परिवार के लोग अपने कामों में व्यस्त थे। तभी वह रसोई में गया। वहां रोशन में लगे लोहे से रस्सी बांधकर फंदा बनाया और झूल गया। छोटी बहन ने अंदर जाकर देखा तो विकास फंदे पर झूल रहा था। जिससे वह चीख पड़ी। फांसी की खबर से आसपास हड़कंप मच गया। आनन-फानन में बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए। उसे तुरंत नीचे उतारा और मेडिकल ले गए। पर, रास्ते में उसकी मौत हो गई। जिससे परिजन फूट-फूटकर रो पड़े। सहीं सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटना स्थल का जायजा लिया। थाना प्रभारी बरुआसागर राहुल राठौर ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। किसी तरह की शिकायत आती है तो अग्रिम कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
बुझ गया घर का चिराग
आंबेडकर नगर में युवक द्वारा फांसी लगाकर दी गई जान के बाद परिवार में कोहराम मच गया। क्षेत्रवासियों के अनुसार विकास भैंसों का भी काम करने लगा था। शिवचरण की तीन बेटियां हैं जिसमें एक बेटी की शादी हो चुकी है अभी दो लड़कियों की शादी नहीं हुई है । विकास उनका इकलौता बेटा था। उसकी मौत के बाद घर का चिराग बुझ गया है। जिससे परिजनों का रो -रोकर बुरा हाल है। उसकी बहनें भाई को इस हालत में देख बेहोश हो गई।
बहू के मायके वालों ने भगाया था
मृतक के पिता शिवचरण ने आरोप लगाया कि बहू के मायके में कार्यक्रम था। हम लोग उसे छोड़ने चुरारा गए थे। वहां एक रिश्तेदार ने उसके साथ गाली-गलौज की थी। वहां से आने के बाद बेटा दुखी थी। इसी के चलते यह कदम उठाया है। वहीं पति की मौत के बाद भारती बेहोश हो गई। हालांकि उसने आरोपों को निराधार बताया है।
प्रदेश समाचार / बरुआसागर प्रतिनिधि
समिति सदैव समाज के हर वर्ग के सुख-दुख में सहभागी बनने के लिए तत्पर है – डॉ. संदीप सरावगी
विवाह पूर्व नैंसी वर्मा को डॉ. संदीप सरावगी ने भेंट किए उपहार
एक ट्रॉली बैग, एक किचन सेट तथा अन्य गृह उपयोगी सामग्री सामन शामिल
झाँसी। आगामी 1 नवम्बर को होने वाले विवाह से पूर्व संघर्ष सेवा समिति कार्यालय में एक सादे किंतु सौहार्दपूर्ण समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें समिति के संस्थापक डॉ. संदीप सरावगी ने बंगला घाट निवासी नैंसी वर्मा को शुभकामनाओं सहित विवाह-पूर्व उपहार प्रदान किए।
डॉ. सरावगी ने इस अवसर पर नैंसी को एक ट्रॉली बैग, एक किचन सेट तथा अन्य गृह उपयोगी सामग्री भेंट करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और सुखद वैवाहिक जीवन की कामना की। उन्होंने कहा कि “संघर्ष सेवा समिति सदैव समाज के हर वर्ग के लोगों के सुख-दुख में सहभागी बनने के लिए तत्पर रहती है। किसी बेटी के जीवन के नए सफर की शुरुआत में आशीर्वाद और सहयोग देना हमारा कर्तव्य है।”
नैंसी वर्मा, जयश्री वर्मा एवं राजू वर्मा (व्यवसाय–टेलर) की सुपुत्री हैं। उनका विवाह आगामी 1 नवम्बर को सम्पन्न होगा। परिवार और परिचितों में इस शुभ अवसर को लेकर हर्ष का वातावरण है। कार्यक्रम में रतिराम यादव, रणवीर यादव, सनी यादव, अजय यादव, नीरू यादव, रजत यादव, वीरू भैया (रामगढ़), सुनील जायसवाल, एस. एम. टावर सोसायटी के अध्यक्ष ज्ञानेश नगरिया, अनिल आडवानी, सोनू पारवल, समीर खान सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
सभी उपस्थितजनों ने नैंसी वर्मा को आशीर्वाद देते हुए उनके वैवाहिक जीवन की सफलता, सुख-समृद्धि और पारिवारिक सौहार्द की मंगलकामनाएं व्यक्त कीं। समारोह के अंत में सभी ने मिलकर नवविवाहिता बनने जा रही नैंसी को शुभाशीष और आशीर्वाद प्रदान किया। इस अवसर पर रतिराम यादव, रणवीर यादव, सनी यादव,अजय यादव,नीरू यादव,रजत यादव, वीरू भैया रामगढ़ सुनील जायसवाल,सम टावर अध्यक्ष ज्ञानेश नगरिया,अनिल आडवाणी, सोनू पारवल, समीर खान आदि उपस्थित रहे।
प्रदेश समाचार / झाँसी टीम
महिलाएं कह रही हाय दईया जो का हो रओ …बारिश ने ढाया कहर , किसानों के मुरझाये चेहरे हो रही भारी तबाही
धान की फसल बिछ गयी खेतों में और मूंगफली की फसलों को नुकसान
कल भी बारिश का अलर्ट , हो सकती है मूसलाधार बारिश
झांसी। गुरुवार सुबह से बारिश हो रही है। बंगाल की खाड़ी से उठे तूफान का असर झांसी में भी नजर आ रहा है। गुरुवार सुबह से यहां झमाझम बारिश हो रही है। लगातार बारिश होने से ठंडक बढ़ गई है। सुबह स्कूली बच्चों और ऑफिस जाने वाले लोगों को परेशानी हुई। कोई छाता लगाकर तो कोई रेनकोर्ट पहनकर घर से निकले।
बारिश के कारण शहर व् गाँव में लोग काफी परेशान देखे गए। इस बारिश से किसानों के चेहरे मुरझा गए है। किसान की कमर टूटती नजर आ रही है। गाँव में महिलाएं यह कहती नजर आ रही है कि हाय दईया जो का हो रओ और अब का होवे वालो है।
विवरण के मुताविक इससे पहले बीते 27 अक्टूबर को 55 मिलीमीटर बारिश हुई थी। बारिश की वजह से पककर तैयार हुई फसलें चाैपट हो गई। धान और मूंगफली की फसलों को ज्यादा नुकसान पहुंचा है। अफसर फील्ड में उतरकर नुकसान का आंकलन कर रहे हैं। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि मोन्था तूफान का असर शुक्रवार तक रहेगा। इसके बाद प्रभाव कम हो जाएगा। 26 अक्टूबर की रात को अचानक मौसम ने करवट ली थी। इसके बाद 27 अक्टूबर को पूरे दिन बरसात हुई थी। 55 मिलीमीटर बारिश होने से ठंडक बढ़ गई थी। 28 और 29 अक्टूबर को महानगर में मौसम साफ रहा। मगर, गुरुवार सुबह आसमान में बादल छा गए और बारिश होने लगी। सुबह लगभग 7 बजे शुरू हुई तेज बारिश रुक रुककर लगातार जारी है। इससे ठंड बढ़ गई है। बचने के लिए लोगों ने सुबह गर्म कपड़ों का सहारा लिया है। बारिश की वजह से आई ठंडक ने पारा भी गिरा दिया है। बुधवार को अधिकतम तापमान 25.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जो सामान्य से 7.2 डिग्री सेल्सियस कम है। वहीं, न्यूनतम तापमान 18.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बारिश की वजह से आज के तापमान में गिरावट देखी जा सकती है। वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी से उठा मोन्था तूफान बुंदेलखंड समेत पूर्वी उत्तर प्रदेश में सक्रिय है। इस वजह से बारिश हो रही है। तूफान का असर शुक्रवार तक रहेगा। इसके बाद प्रभाव कम हो जाएगा। बारिश होने से धान और मूंगफली की फसलों को नुकसान है। अभी रबी की फसल (दलहन और तिलहन) की वुबाई शुरू हो जाती है। अब फसल देर से बोयी जायेगी।
प्रदेश समाचार / झांसी टीम
शत-प्रतिशत लंबित प्रकरणों को आगामी 20 नवंबर तक किया जाए निस्तारित – मुख्य सचिव एस.पी. गोयल
मुख्य सचिव ने वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से सभी मंडलायुक्तों एवं जिलाधिकारियों दिए दिशा-निर्देश
पीएम किसान योजना की अगली किश्त के लिए फार्मर रजिस्ट्री अनिवार्य
जिलाधिकारी व्यक्तिगत रुचि लेकर फॉर्मर रजिस्ट्री बनाने के कार्य में लाएं गति
लखनऊ। मुख्य सचिव एस.पी. गोयल ने वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से सभी मंडलायुक्तों एवं जिलाधिकारियों के साथ बैठक कर महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष से संबंधित लंबित प्रकरणों के त्वरित निस्तारण हेतु जिलाधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारियों द्वारा प्रत्येक सप्ताह बैठक आयोजित कर विभिन्न स्तरों पर लंबित प्रकरणों की समीक्षा की जाए और आगामी 20 नवंबर, 2025 तक शत-प्रतिशत प्रकरणों को अनिवार्य रूप से निस्तारित कराया जाए। इस संबंध में उन्होंने विशेष रूप से जोर देते हुए कहा गया है कि कोई भी प्रकरण अनावश्यक रूप से किसी भी स्तर पर लंबित न रहे। यदि किसी प्रकरण को अनावश्यक रूप से अधिक समय तक लंबित रखा जाता है, तो संबंधित अधिकारी/कर्मचारी की जिम्मेदारी निर्धारित कर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फार्मर रजिस्ट्री पंजीकरण कराने वाले किसानों को ही मिलेगी किसान सम्मान निधि
पीएम किसान सम्मान निधि योजना के संबंध में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की अगली किश्त केवल उन्हीं किसानों को ही प्राप्त होगी, जिन्होंने फार्मर रजिस्ट्री में अपना पंजीकरण कराया होगा। अतः फार्मर रजिस्ट्री पंजीकरण के कार्य में तेजी लाना जरूरी है। जिलाधिकारी व्यक्तिगत रुचि लेकर इस कार्य को त्वरित गति से पूर्ण कराएं। उन्होंने यह भी कहा कि इस बारे में किसानों को जागरूक एवं फार्मर रजिस्ट्री में लगी टीमों को सक्रिय किया जाए। ग्राम स्तर पर कैंप आयोजित कर रजिस्ट्री प्रक्रिया को गति प्रदान की जाए। इस कार्य में पूर्ण पारदर्शिता एवं सतर्कता बरती जाए। कोई भी पात्र किसान फार्मर रजिस्ट्री के अभाव में पीएम किसान सम्मान निधि के लाभ से वंचित न रहे।
स्थल चयन की कार्यवाही शीघ्र पूर्ण करें
पंचायतीराज विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्य सचिव ने कहा कि जिन जनपदों द्वारा अंत्येष्टि स्थल, पंचायत उत्सव भवन तथा प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन यूनिट के लिए स्थल चयन की कार्यवाही अभी तक पूरी नहीं की गई है, वें स्थल चयन की कार्यवाही शीघ्र पूर्ण कर प्रस्ताव संबंधित विभाग कराएं। स्थल चयन में निर्धारित गाइडलाइन्स का अनुपालन सुनिश्चित करते हुए उपयुक्त स्थल का चयन किया जाए। जिन जनपदों में स्थल चयन एवं अन्य औपचारिकताएं पूर्ण हो चुकी हैं, उनके द्वारा निर्माण कार्य तत्काल प्रारम्भ कराया जाए। उन्होंने चयनित पंचायतों में डिजिटल लाइब्रेरी की स्थापना के लिए आवश्यक हार्डवेयर, फर्नीचर, किताबों के लिए तत्काल कार्यादेश जारी करने के निर्देश दिए।
चिन्हित भूमि के क्रय प्रक्रिया में तेजी लायें
इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग एण्ड लॉजिस्टिक क्लस्टर (आईएमएलसी) परियोजना के भूमि अधिग्रहण की प्रगति की समीक्षा के करते हुए उन्होंने चिन्हित भूमि के क्रय प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि शत-प्रतिशत भूमि का अधिग्रहण जल्द से जल्द पूरा किया जाए तथा आपसी सहमति से भूमि क्रय पर विशेष फोकस किया जाए। इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग एण्ड लॉजिस्टिक क्लस्टर (आईएमएलसी) के लिए 27 जनपदों में 5143.8559 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जाना है, जिसके सापेक्ष 81.35 प्रतिशत भूमि का अधिग्रहण हो चुका है। पूरे प्रदेश में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के 1,34,79,046 (54.28%) लाभार्थियों ने अभी तक फार्मर रजिस्ट्री के लिए पंजीकरण कराया है।
प्रथम चरण में लगभग 11 हजार ग्राम पंचायतों में डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित होगी
इससे पूर्व बैठक में बताया गया कि प्रथम चरण में लगभग 11 हजार ग्राम पंचायतों में डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी, जो ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल और आधुनिक शिक्षा को बढ़ावा देगी। अंत्येष्टि स्थल निर्माण योजना के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 में 1000 अंत्येष्टि स्थल निर्माण का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें से 349 स्थलों का चयन जिलाधिकारी के अधीन गठित समित द्रारा किया गया है। इसमें से 213 स्थलों पर कार्य भी प्रारम्भ हो चुका है। इसी प्रकार 71 पंचायत उत्सव भवन के लक्ष्य के सापेक्ष 26 जनपदों से प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।
बैठक में अपर मुख्य सचिव महिला कल्याण श्रीमती लीना जोहरी, प्रमुख सचिव पंचायती राज अनिल कुमार, प्रमुख सचिव कृषि रवीन्द्र , निदेशक पंचायतीराज अमित कुमार सिंह, अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी यूपीडा शशांक चौधरी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण आदि उपस्थित थे।
प्रदेश समाचार / लखनऊ टीम
70 वर्ष से अधिक बुजुर्गों का शत-प्रतिशत बनाया जाए आयुष्मान कार्ड : मंडलायुक्त अजीत कुमार
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, मंडलीय व जनपद स्तरीय अधिकारियों के साथ आयुक्त ने की बैठक
स्वास्थ्य सेवाओं को आमजन तक सरल, सहज एवं प्रभावी रूप में पहुँचाना सरकार की प्राथमिकता
बांदा। चित्रकूटधाम मंडलायुक्त अजीत कुमार ने चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के मण्डलीय एवं जनपद स्तरीय अधिकारियों की बैठक में कहा कि 70 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों का शत प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनाया जाए। इसके अलावा उपचार व्यवस्था में लापरवाही न हो।
मंडलायुक्त ने कहा कि जिन संकेतकों पर प्रगति संतोषजनक नहीं है, उनमें आगामी माह तक ठोस सुधार परिलक्षित होना चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से निर्देश दिए कि 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों का शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनाया जाए, ताकि उन्हें बेहतर एवं नि:शुल्क स्वास्थ्य सुविधाएं प्राप्त हो सकें। स्वास्थ्य नारी, सशक्त परिवार अभियान के अंतर्गत सभी पात्र महिलाओं को आच्छादित करने, गर्भवती महिलाओं का समय-समय पर ए.एन.सी. जांच एवं टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। आयुक्त ने बाँदा एवं हमीरपुर के सीएमओ को आई.पी.एच.एल. को आगामी बैठक से पूर्व हर दशा में क्रियाशील कराने के सख्त निर्देश दिए। आयुक्त ने कहा कि आशा एवं संगनी कार्यकत्रियों का मानदेय तत्काल भुगतान किया जाए तथा सभी संविदा एवं आउटसोर्स कर्मचारियों का ई.पी.एफ. उनके पी.एफ. खातों में जमा कराया जाए। ऐसा न करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने डॉक्टरों को ई-संजीवनी पोर्टल के माध्यम से ई-ओपीडी सेवाएं संचालित करने और आमजन को इसके प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए। मरीजों की सुविधा को सर्वोपरि बताते हुए उन्होंने कहा कि अस्पतालों में पंजीकरण व्यवस्था को डिजिटल व सरल बनाया जाए, ताकि मरीजों को लम्बी लाइनों से राहत मिल सके। इसके लिए ड्राइफकेस एवं आभा आईडी जैसी डिजिटल प्रणालियों को अपनाने और जनता को प्रेरित करने की आवश्यकता बताई। आयुक्त ने यह भी कहा कि जननी सुरक्षा योजना से संबंधित कोई भी आवेदन लंबित न रहे। अस्पतालों में डॉक्टरों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित की जाए और मरीजों के साथ सहजता एवं शालीनता से व्यवहार किया जाए। सभी आवश्यक दवाएं सरकारी अस्पताल से उपलब्ध कराई जाएं, तथा जो दवा अस्पताल में उपलब्ध न हो, उसे प्रधानमंत्री जनऔषधि केन्द्र से प्राप्त करने हेतु मरीजों को प्रेरित किया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व योजना के तहत अधिकाधिक महिलाओं को लाभ पहुँचाया जाए तथा मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं। आयुक्त ने कहा कि सरकार की मंशा स्वास्थ्य सेवाओं को आमजन तक सरल, सहज एवं प्रभावी रूप में पहुँचाने की है, जिसके लिए सभी अधिकारी निष्ठा, ईमानदारी एवं समर्पण भाव से कार्य करें।
प्रदेश समाचार / बांदा टीम
बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय को कुलाधिपति ने दिया सात विषयों को प्रारम्भ करने का अनुमोदन
प्रवेश प्रक्रिया शैक्षणिक योग्यता और व्यक्तिगत साक्षात्कार के आधार पर होगी
झॉंसी। उत्तर प्रदेश के विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति एवं राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय में संचालित विभिन्न सात पाठ्यक्रमों को 4 नवीन विषयों सहित बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय की प्रथम परिनियमावली में कला एवं विज्ञान संज्ञान के अंतर्गत समाविष्ट करने के प्रस्ताव पर स्वीकृति प्रदान की गई है। इनमें 4 नवीन विषयों बिजिनेस एनालिटिक्स, ई0 विजिनेस, योग विज्ञान एवं यंत्र विन्यास पाठ्यक्रम आगामी सत्र से प्रारम्भ किये जाने हेतु विश्वविद्यालय की विद्या परिषद् एवं कार्य परिषद् के अनुमोदन के पश्चात राज्यपाल कुलाधिपति को प्रथम परिनियमावली में समाहित करने हेतु विश्वविद्यालय से प्रस्ताव प्रेषित किया गया था। जो कि कला संकाय एवं विज्ञान संकाय के अन्तर्गत समाविष्ट होगा। इसी प्रस्ताव को कुलाधिपति ने स्वीकृति प्रदान कर दी है। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के मेजर ध्यानचंद शारीरिक शिक्षा विभाग द्वारा योगिक विज्ञान में एक वर्षीय स्नातकोत्तर डिप्लोमा ;पी.जी.डी.वाई.एस. कार्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति एनईपी 2020 की भावना के अनुरूप है,जो समग्र और बहु.विषयक शिक्षा पर बल देती है। इस नए पाठ्यक्रम का उद्देश्य छात्रों को योग के दार्शनिक आधार से लेकर आधुनिक वैज्ञानिक पहलुओं तक का व्यापक ज्ञान प्रदान करना है। इस डिप्लोमा कोर्स के माध्यम से छात्र न केवल योग की गहन समझ हासिल करेंगेए बल्कि उन्हें विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार के अवसर भी मिलेंगे। पाठ्यक्रम में योग के इतिहास, दर्शन, आसन, प्राणायाम,मुद्रा,बंध,शत्कर्मों के साथ. साथ योगिक अभ्यासों की शारीरिक रचना विज्ञान और शरीर क्रिया विज्ञान को भी शामिल किया जाएगा। इस कार्यक्रम मे प्रवेश के लिए योग्यता किसी भी विषय में स्नातक की डिग्री निर्धारित की गई है। प्रवेश प्रक्रिया शैक्षणिक योग्यता और व्यक्तिगत साक्षात्कार के आधार पर होगी। इस डिप्लोमा के पूरा होने पर विद्यार्थी स्कूलों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों, अस्पतालों, वेलनेस सेंटर, कॉर्पाेरेट हाउसों के साथ.साथ खेल संस्थानों में योग प्रशिक्षक के रूप में कार्य कर सकेंगे। बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो.मुकेश पांडे ने बताया कि वर्तमान परिवेश में इन नवीन विषयों जैसे बिजिनेस एनालिटिक्स, ई0 विजिनेस के माध्यम से छात्रों को रोजगार स्वरोजगार और उद्यमिता के सुनहरे अवसर प्राप्त होंगे।
प्रदेश समाचार / झाँसी टीम















